🌿 सावन में हरिद्वार – क्या-क्या होता है?
हरिद्वार, गंगा नदी के तट पर बसा एक पवित्र तीर्थ स्थल, सावन के महीने में एकदम आध्यात्मिक रंग में रंग जाता है। भगवान शिव के भक्तों से यह नगरी भर जाती है और यहां की गंगा घाटों, मंदिरों, गलियों और आसमान तक में शिव भक्ति की गूंज सुनाई देती है।
🚩 1. कांवड़ यात्रा का अद्भुत मेला
सावन में हरिद्वार सबसे ज्यादा मशहूर है कांवड़ यात्रा के लिए। उत्तर भारत के कोने-कोने से लाखों शिवभक्त (कांवड़िए) यहां आकर गंगा जल भरते हैं और पैदल यात्रा करके अपने गांव या मंदिरों में शिवलिंग पर जल चढ़ाते हैं।
- हरिद्वार में कांवड़ियों के लिए विशेष शिविर, भंडारे और सेवा केंद्र लगाए जाते हैं।
- पूरा शहर नारों से गूंज उठता है – "बोल बम! हर हर महादेव!"
🕉️ 2. शिव मंदिरों में विशेष पूजा
हरिद्वार के प्रमुख मंदिरों में:
- मनसा देवी मंदिर
- चंडी देवी मंदिर
- भारत माता मंदिर
- दक्षेश्वर महादेव मंदिर
हर दिन विशेष पूजा-अर्चना होती है। भक्त लंबी कतारों में खड़े होकर भगवान शिव का जलाभिषेक करते हैं।
🌊 3. हर की पौड़ी पर भव्य गंगा आरती
सावन में हर की पौड़ी की शाम की गंगा आरती और भी भव्य और दिव्य हो जाती है। हजारों दीपों की रौशनी, मंत्रों की गूंज और भक्तों की आस्था – ये सब मिलकर एक अलौकिक दृश्य बना देते हैं।
🙏 4. व्रत, कथा और भजन संध्या
हरिद्वार में सावन के महीने में कई जगहों पर शिव कथा, भागवत कथा, रुद्राभिषेक और भजन संध्या जैसे धार्मिक कार्यक्रम होते हैं। श्रद्धालु दिनभर भक्ति में लीन रहते हैं।
🛍️ 5. धार्मिक वस्तुओं और प्रसाद की खरीदारी
सावन में हरिद्वार की गलियां भर जाती हैं रंग-बिरंगे कांवड़, पूजा सामग्री, रुद्राक्ष, शिवलिंग, बेलपत्र, गंगाजल की बोतलें, और प्रसाद से। यहां की स्थानीय मिठाइयाँ और गंगाजल से बनी वस्तुएं खास होती हैं।
🚓 6. सुरक्षा और प्रशासन की विशेष तैयारी
हर साल सावन में लाखों श्रद्धालु हरिद्वार आते हैं, इसलिए प्रशासन की ओर से विशेष सुरक्षा व्यवस्था, स्वास्थ्य केंद्र, रूट डायवर्जन, और क्लीनिंग टीम की पूरी व्यवस्था की जाती है।
🧘♀️ 7. आध्यात्मिक अनुभव और शांति
हरिद्वार की वायु में सावन में कुछ खास होता है। गंगा की बहती धारा, मंदिरों की घंटियां, शिव नाम का जाप – सब कुछ मिलकर एक ऐसा अनुभव देते हैं जो मन को शुद्ध और आत्मा को शांत कर देता है।
✨ निष्कर्ष
सावन में हरिद्वार सिर्फ एक धार्मिक स्थल नहीं रह जाता, वह बन जाता है भक्ति और ऊर्जा का महासंगम। अगर आपने सावन में हरिद्वार की यात्रा नहीं की है, तो एक बार ज़रूर जाइए – ये अनुभव स्मृति और आत्मा में बस जाएगा।
🕉️ हर हर महादेव! बोल बम!